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Showing posts from February, 2022

अन्तर्मन को, उसके, ना चोट, पहुँचाना।

कांटे भरे थे ढेरों,  जीवन मेें उसके, उफ्फ ना की , बस चलती रही, तलाशने को, एक नया आस्मां,  एक नयी डगर, जहां उसकी ना हो, किसी को खबर। असमत् खुद की,  गवां दी थी, दाग जिस्म पर, खा चुकी थी, कोई और नहीं,  उसका गुरूर था वो, देवता मान के, पूजा था, जिसको, ठोकर उससे ही खाई, बनी आज मैं,  खुद एक पराई। वो खुद नहीं,  साथ थे उसके चार, खत्म कर दिया गया, मेरा वजूद, कर दिया मुझको, और मेरे सपनों को, तार-तार, जैसे, कि, किया हो मैनें, प्यार का व्यापार।  अश्कों को छुपाए,  रोती हूं मैं,  तन को समेटे, बैठी हूँ मैं,  बेबस हूँ, लाचार हूँ,  मन से भी बीमार हूँ,  जिस्म को अपने, खुरच रही हूँ, सन्नाटे की ओट, जिस्म पर तो दर्द है, भीतर लगी है चोट। सोच रही हूँ,  प्यार का, क्या ये, अन्जाम होता है? कुछ को प्यार नहीं,  केवल भूख, मिटाने की हवस, में स्त्री का, ये, क्षणभंगुर, मात्र, शरीर ही क्यों,  दिखता है। न्याय का तो पता नहीं,  सालों लग जायेगें,  तब तक क्या,  जियेंगे, या, बेमौत मारे जायेगें,  घुट कर जीना, जी कर उठना, कैसे अब कदम,...

love proposal.... Expression of love.....

 💘 proposal.... ●●●Expression of love..... On your every talk, on your every night, On your love, on your every dream, I had possession. Neither that day nor that moment has come, I had absorbed myself in myself, I can express my love with you one day, This was my passion. It was my wish, that she was with her tongue, Express your love for me Understand that my love Do not keep the tongue of the heart silent, I wish I hadn't waited so long, Going ahead and professing her own love, To the throbbing desires, giving a beautiful evening, So, today I would not be so alone. •●•●•●•●•●•●•●•●@njiBS•●•●•●•●•●•●•●•●•●•●•● Love Proposal.... प्यार का इज़हार..... तेरी हर बात पर, तेरी हर रात पर, तेरे प्यार पर, तेरे हर एक ख्वाब पर, कब्जा था मेरा। ना वो दिन आया, न वो पल, समेट लिया था मैनें, खुद को खुद में, कर सकूं इजहारे इश्क, तुम से मैं एक दिन, ये जज़्बा था मेरा। मेरी ये ख़्वाहिश थी, कि वो जुबां से अपनी,  मेरे लिए खुद के प्यार का इज़हार करे, समझ ले वो मेरे प्यार को, दिल की जुबा...

love dosti

Expression of love in the form of friendship 1* What's in my life Today I will ask Shiva in a dream, My friendship has been accepted. He was satisfied with his "yes" to my agreement. 2* It's been a long night while talking, And tears rained from my eyes, Sleep, now laughing, it should not happen like this, That, again, with the clouds of sorrows, it became a dark night. 3* What happens when the lips laugh The thing is when the eyes laugh, There will be a nest of smiles in the eyes, One day it will be the same new morning. 4* We cry secretly, Before the world listens and gets angry, Therefore, hiding the face in the pillow, the storm of tears, We sleep by turning into sobs. 5* Let's go to sleep now The friendship was accepted. Got some thoughts of mine-yours now, This strange world has become so colorful. 6* When the other wept because of one's sorrow, Even after being far away, as if standing near, Why does this happen to me? Thinking this, why should we spoil...

अजनबी चेहरे

कुछ अजनबी से चेहरे, जिन्दगी की अन्जान-सी राहों पर मिल जाते हैं, तो क्या हुआ उनसे कोई वास्ता नहीं होता, फिर भी अन्तर्मन को वो पिघला जाते हैं। 
 लिपस्टिक, उसने जो दी तो, बरसों से कुवारें होठों पर शरम की लालिमा बिखर गई। लगाई जो लिपस्टिक तो,  खुद को देख के शर्म से ये निगाहें झुक गई। उसने जब मुस्कुरा कर मुझे देखा, उसकी आंखों के आइने में मैं खुद का रूप देख के उस से ही लिपट गई, रंग खिल उठा, बार बार ये आइने(उसकी आखों रूपी आइने) ने कहा, देख के खुद का लाल चेहरा, खुद ही में मैं सिमट गई, लगाई जो लाली होठों पर, खुद से ही मैं लिपट गई।
आज वो मेरे पास है, बहुत पास... बरसों से थी उसी की तमन्ना, उसकी ही थी आस, वो है, मेरे दिल के करीब, मेरे पास, हां, सच्ची, वो ही तो है, मेरे बहुत पास, मेरा सरमाया, मेरा खास, सेहरा भी है उसके सर पर, सेहरा भी है उसके सर पर, बिखरे-बिखरे से हैं कुछ उसके हाल, सखी, जानती हो, मैं भी हूं कुछ इतराई, आखों में है, शोख-सी चंचलता, लबों से शर्माई, चाल भी है मेरी आज, कुछ कुछ बलखाई, देखा जब खुद की जुल्फों को, रूखसारो पर जो लहराई, अपने को ही लगा बैठी मैं नजर, अब शीशा ना देखने की कसम है खाई! @njiBS  

एक सपना (A dream)

बात उस दिन की है, जब वो मेरे करीब आया, गले लगाया, प्यार किया, पेशानी को चूमा, आखों को सहलाया, प्यार भरी नजरों से मुझे देखा, फिर हौले से मेरा सर सहलाया, दो बूंद अश्कों का जो सैलाब क्या गिरा, उसने अपने अधरो पे उसको ले लिया, बस और कुछ नहीं, मुझे गले से लगा लिया, मुझे उसने गले से लगा लिया। https://pratilipi.page.link/Nd76CgdWXA7Z4RBj9 एक सपना

पल, जो ठहर गये...!

एक लेखक।

प्यार मिलना मुश्किल है.

छूट ही जाते है बन्धन, कितना भी कर लो जतन, छुपाए नहीं छुपती, लगी हो जब, प्रीत की अगन, दूर है वो बहुत, जिसको पाने को मेरा मन है तरसा, आज भी जेहन में, चेहरा है उसका, बीत गया अरसा, ना जाने क्यों, हरेक कहानी में, मैं उसको, जीता हूँ, उसको, अपनी कहानी के, अन्त में, खुद, से मिलाता हूं, *अगर मिल जाए तो फिर वो प्यार ही कैसा*.....? नियती की इस तहरीर पर, अपने को समर्पित करता जाता हूँ।  @njuBS

प्यार इश्क मोहब्बत

लिखना.... मन की बातों को, तुम ज़ज्बातो की स्याही लिए, और, ये भी लिखना, कि, कुछ हल्का हुआ बोझ, उतार कर, किसी कोरे पन्ने पर, दर्द, जो तूने जिये । लिखना, अच्छी बुरी सारी बातों को तुम, जिन्दगी की उलझनों को, जिन्दगी का मकड़जाल, सुलझ सकता है, तेरे लिखने से ही, किसी कोरे पन्ने पर। जब भी दिल उदास हो, कोई भी ना पास हो, शब्दकोश तेरा दोस्त, कलम बन जाती है, फिर सखी तेरी, ये दुनिया हो जाती है, फिर से नयी तेरी, लिखना..... मन की सारी बातों को तुम। वो पहला प्यार, वो इजहार, वो मनुहार। @njiBS